Dangaiyon Ko Ghar Ki Samajjh Nahi Hoti | Deo Shankar Navin episode artwork

EPISODE · Aug 16, 2023 · 2 MIN

Dangaiyon Ko Ghar Ki Samajjh Nahi Hoti | Deo Shankar Navin

from Pratidin Ek Kavita · host Nayi Dhara Radio

दंगाइयों को घर की समझ नहीं होती | देवशंकर नवीन ‘दंगाइयों को घर की समझ नहीं होती’दंगाई नहीं जानते घर का मतलबजानते तो न जलातेन उजाड़ते बस्तियाँकोई सच्चा मनुष्य तोदेख तक नहीं सकताकिसी घर का जलना, उजड़नाक्योंकि घर अकेले नहीं उजड़ताउसके साथ-साथ उजड़ते हैंमनुष्य, मनुष्य के सपने, सपनों का परिवेशघर में रहकर सपना देख लेने वाला मनुष्यअसल में कभी घर से बाहर ही नहीं होताउस घर से उसका शरीर भर जाता है बाहरशरीर के साथ बाहर जाकर भीवह तथ्यत: घर में ही रहता हैइसीलिए इनसान बार-बार लौटता है घरअपने घर, मगर दंगाई नहीं जानते घर का मतलबक्योंकि वह घर में नहीं, अपने अंदर के घर में रहता हैजहाँ सपने और अनुराग नहींलहलहाते रहते हैं द्रोह और दंगों की फसल

दंगाइयों को घर की समझ नहीं होती | देवशंकर नवीन ‘दंगाइयों को घर की समझ नहीं होती’दंगाई नहीं जानते घर का मतलबजानते तो न जलातेन उजाड़ते बस्तियाँकोई सच्चा मनुष्य तोदेख तक नहीं सकताकिसी घर का जलना, उजड़नाक्योंकि घर अकेले नहीं उजड़ताउसके साथ-साथ उजड़ते हैंमनुष्य, मनुष्य के सपने, सपनों का परिवेशघर में रहकर सपना देख लेने वाला मनुष्यअसल में कभी घर से बाहर ही नहीं होताउस घर से उसका शरीर भर जाता है बाहरशरीर के साथ बाहर जाकर भीवह तथ्यत: घर में ही रहता हैइसीलिए इनसान बार-बार लौटता है घरअपने घर, मगर दंगाई नहीं जानते घर का मतलबक्योंकि वह घर में नहीं, अपने अंदर के घर में रहता हैजहाँ सपने और अनुराग नहींलहलहाते रहते हैं द्रोह और दंगों की फसल

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How long is this episode of Pratidin Ek Kavita?

This episode is 2 minutes long.

When was this Pratidin Ek Kavita episode published?

This episode was published on August 16, 2023.

What is this episode about?

दंगाइयों को घर की समझ नहीं होती | देवशंकर नवीन ‘दंगाइयों को घर की समझ नहीं होती’दंगाई नहीं जानते घर का मतलबजानते तो न जलातेन उजाड़ते बस्तियाँकोई सच्चा मनुष्य तोदेख तक नहीं सकताकिसी घर का जलना, उजड़नाक्योंकि घर अकेले नहीं उजड़ताउसके साथ-साथ उजड़ते...

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