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PODCAST · arts

मेरी कविताएँ

by Dinesh Roy

मैं क़िस्मत के पलकों पर अटके अश्कों के फूल का एक कतरा हूँवक़्त की जमीं पर टूटकर बिखरा हूँअब, किस्सा कोई भी गढ़ लो खुली किताब हूँ पढ़ लो।

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Episodes

  1. कोई क्या जाने क्या हो गया

    जुदाई का ग़म, कुछ खोने का एहसास, दर्द की ज़ुबां...

  2. तेरे दिल का एक टुकड़ा हूँ

    दिल को छू लेने वाली एक बेहतरीन कविता

  3. आँसुओं को बहने दो

    एक दर्द भरा गीत

  4. ये इश्क़ और ये तन्हाई

    एक खूबसूरत कविता

  5. दिल की महफ़िल सजा दूँ मैं

    एक खूबसूरत कविता

  6. मंजिलें मुस्कुराती रही

    एक खूबसूरत कविता

  7. आरजू अब मुझे किसी मंजिल की नहीं

    लफ्जों में घुली उदास लम्हों की घुटन...

  8. दो बीघा ज़मीन

    एक किसान की हसरत

  9. वो ख्वाब था या हकीक़त

    दिल को छू लेने वाली एक खूबसूरत कविता

  10. कभी बाँहों के झूलों में झुलाया था तुमको

    एक पिता, बुढ़ापे में, अपने बेटे को याद करते हुए:

  11. आँखों में आज भी चुभता है

    एक खूबसूरत कविता

  12. तन्हाइयों को तोड़ के देखा

    In fact, it is a lyric that I have composed to be included in a movie, but here I am presenting as a poem.

  13. बापू, तुमसे है वादा मेरा

    एक शहीद की जेब से एक चिट्ठी निकली, उसमें जो कुछ भी लिखा था, उसे मैं पढ़कर सुना रहा हूँ।

  14. संकट में है सरहद का सम्मान प्रिये

    देशभक्ति से ओतप्रोत एक खूबसूरत कविता

  15. तेरे-मेरे बीच ये दीवार न कर

    रिश्तों के मिठास को अभिव्यक्ति देती एक खूबसूरत कविता

  16. एक शीतल झोंका हवा का

    दिल को छू लेने वाली एक बेहतरीन कविता

  17. अहिल्या के आँसू

    धर्म-कथा पर आधारित

  18. सितारों में घुली चांदनी

    रूह को छू लेने वाली एक अविस्मरणीय कविता

  19. सुरूर है, सुकून है, करार है ज़िन्दगी

    ज़िन्दगी क्या है --इस सोच को दर्शाती एक खूबसूरत कविता...

  20. धूल है, धुआँ है, गुब्बार है ज़िन्दगी...

    एक खूबसूरत कविता जो आपके दिल को छू लेगी।

  21. प्रेम--- एक अहसास

    एहसास को शब्दों के धागों में पिरोने की एक कोशिश

  22. आज़ादी का अमृत-महोत्सव

    पूरे देश में आज़ादी का अमृत-महोत्सव मनाया जा रहा है। हर घर तिरँगा लहराए, ऐसी देशभक्ति की लहर जन-जन में जाग उठी है। ऐसे में आज़ादी के महत्व पर आल्फ़ाजों के रंग से चित्रित करने की मेरी एक कोशिश :

  23. कैद में है कोलम्बस

    मेरी स्वरचित कविता

  24. ये बाँकीपुर स्कूल है

    मेरी स्वरचित कविता जो बाँकीपुर राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय, गोलघर, पटना की गौरव-गाथा को अभिव्यक्त करती है।

  25. तुम्हें कृष्ण कहूं या राम

    मेरी स्वरचित कविता

  26. हम पिंजरबद्ध पंछी

    मेरी स्वरचित कविता

  27. बिच्छू डंक -सी तेरी खामोशी

    मेरी स्वरचित कविता

  28. वो भी हैं मेरे अपने जो रुठ गये हैं

    रिश्तों के झंझावात में अपनापन को बरक़रार रखने के जज़्बात को जगाती एक अनोखी रचना

  29. पूछा आसमाँ ने इशारे से

    सकारात्मक सोच को बढ़ावा देती एक अविस्मरणीय कविता

  30. आज आँसू हैं मेरी आँखों में समाये हुए

    एक प्रेमी का अपनी प्रेमिका को जवाब

  31. तूने प्यार को ठुकराया पैसों के लिए

    एक प्रेमिका अपने प्रेमी से :

  32. आसमाँ को चीर गई चीखें चीत्कार की

    बलात्कार के पीड़िता की दु:ख भरी ज़िन्दगी को प्रतिबिम्बित करती एक अविस्मरणीय कविता

  33. आगोश में ले लो अन्धेरों मुझे

    दिल को छू लेने वाली एक अविस्मरणीय कविता

  34. चिलचिलाती धूप में चलकर

    सकारात्मक सोच को जगाने वाली एक अविस्मरणीय कविता

  35. कोशिश रंग लायेगी

    सकारात्मक सोच को जगाने वाली एक अविस्मरणीय कविता

  36. फिर लौट के घर आएंगी खुशियाँ

    मेरी स्वरचित कविता

  37. कभी बाहों के झूलों में झुलाया था तुमको

    एक पिता अपने बेटे को याद कर बिलखता हुआ :

  38. हजारों रात के अन्धेरों में

    एक क्रांतिकारी सोच

  39. महात्मा गाँधी : मुल्क के बँटवारे पर जनता की सोच

    मैं नहीं, लोग कहते हैं कि गाँधी जी ने मुल्क़ के बँटवारे को रोकने के लिए भरपूर कोशिश नहीं की और मो. जिन्ना की जिद के आगे झुक गए।

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मैं क़िस्मत के पलकों पर अटके अश्कों के फूल का एक कतरा हूँवक़्त की जमीं पर टूटकर बिखरा हूँअब, किस्सा कोई भी गढ़ लो खुली किताब हूँ पढ़ लो।

HOSTED BY

Dinesh Roy

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How many episodes does मेरी कविताएँ have?

मेरी कविताएँ currently has 50 episodes available on PodParley. New episodes are automatically indexed when they're published to the podcast feed.

What is मेरी कविताएँ about?

मैं क़िस्मत के पलकों पर अटके अश्कों के फूल का एक कतरा हूँवक़्त की जमीं पर टूटकर बिखरा हूँअब, किस्सा कोई भी गढ़ लो खुली किताब हूँ पढ़ लो।

How often does मेरी कविताएँ release new episodes?

मेरी कविताएँ has 50 episodes. Check the episode list to see recent publication dates and frequency.

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Who hosts मेरी कविताएँ?

मेरी कविताएँ is created and hosted by Dinesh Roy.
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