EPISODE · May 26, 2026 · 2 MIN
Buddh Chahiye Yuddh Nahi | Rajni Tilak
from Pratidin Ek Kavita · host Nayi Dhara Radio
बुद्ध चाहिए युद्ध नहीं । रजनी तिलकक्यों खड़ी की तुमनेबारूद के ढेर पर हमारी दुनियामुझे जीवन की आस है।मैं सावन को आँखों में भरकरबहारों में झूलना चाहती हूँशाँति, ज्ञान, करुणा मेरा गहनायुद्ध, क्रूरता, तृष्णा तुम्हारा हथियारहिरोशिमा की तड़प मैं भूलना चाहती हूँ।तुमने जो मृत्यु बीजपरमाणु युद्ध क्यों बोया?यह घृणा-मृत्यु का वटवृक्षपल में लाखों को भी लेगा,बुद्ध के देश मेंपंचशील, संकल्प टूट जाएगा।मैं जीवन की हथेलियों मेंदुलारना चाहती हूँ,मैं अपने बच्चों कोइंसान बनाना चाहती हूँ,उस देश में भी मेरी सीमाएँअपने बच्चों पर अरमान सजाती होंगीवह भी उन्हें ‘कुछ’ बनाने कीललक लिए दुलारती होंगी।हिरोशिमा की माँओं की सिसकअभी बाक़ी है।ये जंग की तलवारहमारे सिर से हटा दोबारूद के ढेर परक्यों खड़ी हो हमारी दुनिया?हम जंग नहीं चाहते,जीना चाहते हैंहम विनाश नहीं सृजन चाहते हैंहम युद्ध नहींबुद्ध चाहते हैं।
What this episode covers
बुद्ध चाहिए युद्ध नहीं । रजनी तिलकक्यों खड़ी की तुमनेबारूद के ढेर पर हमारी दुनियामुझे जीवन की आस है।मैं सावन को आँखों में भरकरबहारों में झूलना चाहती हूँशाँति, ज्ञान, करुणा मेरा गहनायुद्ध, क्रूरता, तृष्णा तुम्हारा हथियारहिरोशिमा की तड़प मैं भूलना चाहती हूँ।तुमने जो मृत्यु बीजपरमाणु युद्ध क्यों बोया?यह घृणा-मृत्यु का वटवृक्षपल में लाखों को भी लेगा,बुद्ध के देश मेंपंचशील, संकल्प टूट जाएगा।मैं जीवन की हथेलियों मेंदुलारना चाहती हूँ,मैं अपने बच्चों कोइंसान बनाना चाहती हूँ,उस देश में भी मेरी सीमाएँअपने बच्चों पर अरमान सजाती होंगीवह भी उन्हें ‘कुछ’ बनाने कीललक लिए दुलारती होंगी।हिरोशिमा की माँओं की सिसकअभी बाक़ी है।ये जंग की तलवारहमारे सिर से हटा दोबारूद के ढेर परक्यों खड़ी हो हमारी दुनिया?हम जंग नहीं चाहते,जीना चाहते हैंहम विनाश नहीं सृजन चाहते हैंहम युद्ध नहींबुद्ध चाहते हैं।
NOW PLAYING
Buddh Chahiye Yuddh Nahi | Rajni Tilak
No transcript for this episode yet
Similar Episodes
Jun 19, 2026 ·25m
Jun 17, 2026 ·23m
Jun 16, 2026 ·13m