EPISODE · Jun 19, 2025 · 1 MIN
Purani Haveli | Khagendra Thakur
from Pratidin Ek Kavita · host Nayi Dhara Radio
पुरानी हवेली | खगेंद्र ठाकुरइस हवेली सेगाँव में आदी-गुड़ बंटेसोहर की धुन सुनेबहुत दिन हो गए इस हवेली सेसत्यनारायण का प्रसाद बंटेघड़ी-घंट की आवाज सुनेबहुत दिन हो गए इस हवेली सेकिसी को कन्धा लगाएराम नाम सत है- सुनेबहुत दिन हो गए इस हवेली की छत परउग आई है बड़ी-बड़ी घासआम, पीपल आदि उग आये हैंपीढ़ियों की स्मृति झेलतीजर्जर हवेली का सूनापन देखये सब एकदम छत पर चढ़ गए हैं. इस हरियाली के बीचगिरगिटों, तिलचिट्टों के सिवाकोई नहीं है, कोई नहीं है।
Embed this episode
NOW PLAYING
Purani Haveli | Khagendra Thakur
No transcript for this episode yet
Similar Episodes
No similar episodes found.