EPISODE · Aug 19, 2021 · 29 MIN
रवीश कुमार का प्राइम टाइम : आतंक के साये में अफगानिस्तान की औरतें
from Prime Time · host Ravish Kumar, रवीश कुमार
दुनिया इस वक्त अफगानिस्तान को लेकर जितनी चर्चा कर रही है, उसके लिए जरूरी सूचनाओं की उतनी ही कमी है. खासकर अफगानिस्तान के आम जीवन से जुड़ी सूचनाएं बहुत कम हैं. महिलाओं के बारे में आशंकाएं जताई जा रही हैं लेकिन उनकी आवाज बाहर नहीं आ पा रही है. काबुल एयरपोर्ट पर अफगानिस्तान छोड़ कर भागने वालों में केवल मर्द दिखाई देते हैं. इन तस्वीरों को ठीक से देखने और समझने की जरूरत है. भागने वालों में कोई वृद्ध नहीं है. कोई विकलांग नहीं है. बच्चा नहीं है और औरतें भी नहीं हैं. दो चार की संख्या में औरतें दिखाई देती हैं. इन्हें छोड़ कर भागने वाले मर्दों के आगे कोई सुनहरी दुनिया नहीं है लेकिन वे पीछे की बदतर दुनिया में औरतों को छोड़े जा रहे हैं. मर्दों का इस तरह भागना बता रहा है कि भागने के वक्त औरतें आसानी से छोड़ी जा सकती हैं. अगर ये भागने वाले अफगान अमरीकी या विदेशी ताकतों के मददगार रहे हैं तो फिर कम से कम इनके साथ इनके घर की औरतें वहां से आ रही तस्वीरों में दिखाई दे सकती थीं.
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