EPISODE · May 4, 2026 · 2 MIN
Unghta Santri | Vishwanath Prasad Tiwari
from Pratidin Ek Kavita · host Nayi Dhara Radio
ऊँघता संतरी। विश्वनाथ प्रसाद तिवारीउसे मत जगाओवह सपने देख रहा हैबच्चे लौट रहे हैं उसके सपने मेंपक्षी चहचहा रहे हैं उसके सपने मेंबदल रहे हैं इंद्रधनुष के रंग उसके सपने मेंझर रहे हैं गुलमुहर के फूल उसके सपने मेंउसे मत जगाओउसकी नींद पर पाबंदी हैअभी एक झपकी में वह लूट लेगा ब्रहमांडअभी एक हलका-सा पदचापचकनाचूर कर देगा उसका शीशमहलदेवदूत की तरह सो रहा है वहउसे मत जगाओअभी वह उछलकर खड़ा हो जाएगासीधे तने वृक्ष की तरहसजग और तैयारकिसी पर भी गोली चला देने के लिए।
What this episode covers
ऊँघता संतरी। विश्वनाथ प्रसाद तिवारीउसे मत जगाओवह सपने देख रहा हैबच्चे लौट रहे हैं उसके सपने मेंपक्षी चहचहा रहे हैं उसके सपने मेंबदल रहे हैं इंद्रधनुष के रंग उसके सपने मेंझर रहे हैं गुलमुहर के फूल उसके सपने मेंउसे मत जगाओउसकी नींद पर पाबंदी हैअभी एक झपकी में वह लूट लेगा ब्रहमांडअभी एक हलका-सा पदचापचकनाचूर कर देगा उसका शीशमहलदेवदूत की तरह सो रहा है वहउसे मत जगाओअभी वह उछलकर खड़ा हो जाएगासीधे तने वृक्ष की तरहसजग और तैयारकिसी पर भी गोली चला देने के लिए।
NOW PLAYING
Unghta Santri | Vishwanath Prasad Tiwari
No transcript for this episode yet
Similar Episodes
Jun 12, 2026 ·17m
Jun 11, 2026 ·10m
Jun 10, 2026 ·61m
Jun 10, 2026 ·56m